अप्रैल में भारत मे एडिबल आयल इम्पोर्ट मॉर्च के 11.49 लाख टन से 13.55 फीसदी 1.55 लाख टन ज्यादा हुआ है। इम्पोर्ट बढ़ने पर भी तेल मार्किट में मंदि नहीं आई है।
अगस्त सेप्टेम्बर में इम्पोर्ट ने पीक किया था,उसके बाद लगातार कम होता रहा है। इम्पोर्ट घटने से भारत मे पाइपलाइन सूखती गई है।
अप्रैल में इम्पोर्ट बढ़ने से केवल सप्लाई की कमी ही दूर हो सकी है।