CNF INDIA:AAAMAR CPO 1065$ (PRICING)APR CPO 1060RPL/-$20 CGLApr : 1047.5 wci / 1040 eciMay : 1035 wci / 1030 eciWci :Jun : 1025July : 1000Aug : 985Oln :Apr : 1020 wci / 1012 eciMJJ : 1000 wci / 995 eci -SAVERAA
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*एक्सपोर्ट पर रोक के बाद भी टर्की में ओलिव आयल की लोकल prices में मंदि नहीं आई है।*अमेरिका ब्राज़ील अपनी बढ़ रही सोय्या फसलों को देखते हुए नए प्लांट भी लगा रहे है । ब्राज़ील में रोजाना 2.09 लाख टन क्रश के प्लांट लगे है।
*अर्जेटिना में डेंगू का असर बहुत बड़ा है।*वियतनाम में भयंकर सूखा है।*यूरोप की संसद,कॉउंसिल ने कोटा लिमिट के साथ यूक्रेन से डयूटी फ्री इम्पोर्ट को जारी रखा है।
*भारत मे गेहूं स्टॉक 2016 के बाद सबसे कम है।*अमेरिका में ब्याज दरें अभी भी 23 साल की सबसे ज्यादा है।*डिमाण्ड बढ़ने से वेसल फ्रेट 18 महीने की हाई पर है
ईरान की सोयामील खरीद ने भारत के सोया प्लांट्स को बड़ा सहारा दिया है-ईरान ने 2023 में 20.09 लाख टन मील इम्पोर्ट की थी। इसमैं भारत की मील 1.69 लाख टन थी । ब्राज़ील और अर्जेटिना से 8-8 लाख टन,यूक्रेन से 2.30 लाख टन इम्पोर्ट हुआ था।जनवरी में भारत से 65358 टन और इम्पीर्ट कि …
ओल्ड हिस्ट्री : 2023 को छोड़कर मॉर्च में मलसिअमे सीपीओ उत्पादन फ़रवरी महीने से हमेशा बढा है।ऑक्टबेर 20/मॉर्च 21 का उत्पादन 82.07 लाख टन थाऑक्टबेर 21/मॉर्च 22 में उत्पदन 86.03 लाख टन थाऑक्टबेर 22/मॉर्च 23 का उतपादन 90.35 लाख टन थाऑक्टबेर 23/फ़रवरी में उत्पादन 79.37 लाख टन हो चुका है। इस हिसाब से ऑक्टबेर 23 …
भारत मे ऑक्टबेर से फ़रवरी में सोया सीजन की स्थिति :सोय्या मील उत्पादन41.43 लाख टनलोकल फीड यूज़29 लाख टन, उत्पादन का 70 फीसदीएक्सपोर्ट 9.25 लाख टन/उतपादन का 22.32 फीसदी।
*अथेना ट्रेड विंड ने कहा है कि कांड़ला में Cif सोय्या 1100 डॉलर हो सकता है। *साउथ अमेरिका के ट्रेडर ने कहा है कि अर्जेटिना में ज्यादा बारीष से फ्लड आई है जो देरी से बोई सोय्या फ़सल को खराब कर सकती है।
पिछले 30 दिन एकतरफा तेज़ी के बाद अब लोकल मार्केट्स करेक्ट हुई है। फारवर्ड के भाव ओवर priced स्पॉट से नीचे है तो ट्रेड ने नई खरीद रोकी है और मुनाफा वसूली कि बिक़वाली शुरू की है।इस सप्ताह इंदौर रिफाइंड3 रुपए किलो, कांड़ला 5 रुपए किलो टूटा है।ओलिन में ढाई रुपए किलो टूटे है।सरसोँ की …
फ़ेड बैंक की रिपोर्ट आने से पहले ही पेट्रो 2 फीसदी मंदि कर चुका था।अमेरिका में डॉलर इंडेक्स नरम हुआ है, अमेरिका से एक्सपोर्ट की पैरिटी बढ़ी है