विदेशी एडिबल आयल ट्रेडर्स समझ रहे है कि भारत मे पोर्ट पर स्टॉक्स कम हुए है। अगले महीने खपत वाले है, इस कारण रिफाइनर्स को स्टॉक बढ़ाने के लिए इम्पोर्ट बढ़ाना पड़ेगा ।
सन आयल की सप्लाई मई के बाद कम होना शुरू करेगी, भाव बढ़ेंगे तो पाम आयल इम्पोर्ट का रास्ता बनेगा।