भारत मे पोर्टस पर सोया पाम आयल की शॉर्टेज, वेसल आने में देरी की वजह से 20 फ़रवरी को तेलों ने तेज़ी शुरू की थी, 20 फ़रवरी को शुरू हुई तेज़ी 18 मॉर्च के करीब ढल भी गई।
तेज़ी में ट्रेड ने नए सौदे किये और स्टॉक बढा लिए।
सरसोँ सन सोया चावल कॉटन रिफाइंड में 30 दिन में 12 से 13 रुपए किलो की तेज़ी बनी।
ट्रेड में लालच बना कि तेज़ी बनी रहेगी, इस कारण स्टॉक बनाते गए।
हर चमकने वाली आइटम सोना नहीं होती, यह बार बार सुना है।
20 फ़रवरी से चली तेज़ी ज्यादा दिन नहीं चली मगर ट्रेड ने मंदि की शुरुआत को नहीं समझा और स्टॉक पर पकड़ बनाये रखी।
सभी 6 तेलों में 20 फ़रवरी से 18 मॉर्च में एवरेज 11 रुपए किलो की तेजी तो आई मगर 18 मॉर्च से तेज़ी 40 फीसदी करेक्ट भी हुई।
अप्रैल मई महीने गर्म रहते है, इस कारण डिमांड में कमी आती है।
